हरिद्वार में हुई आज धामी सरकार की कैबिनेट बैठक, लिए गए कई महत्वपूर्ण फैसले
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में सोमवार को मेला नियंत्रण सभागार, हरिद्वार में हुई मंत्रिमंडल की बैठक में उत्तराखंड के विकास, युवाओं, जनहित और प्रशासनिक सुधारों से जुड़े कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी गई।
महत्वपूर्ण निर्णयों का आसान व विस्तृत विवरण
1. अग्निवीरों के लिए नौकरियों में बड़ा फैसला (निर्णय सं. 8)
क्या निर्णय हुआ: उत्तराखंड पुलिस और अन्य समूह ‘ग’ के वर्दीधारी पदों पर सेवामुक्त अग्निवीरों की भर्ती के लिए नई नियमावली 2026 को मंजूरी दी गई।
महत्वपूर्ण प्रावधान: पहले से दिए जा रहे 10% क्षैतिज आरक्षण के साथ-साथ अब अग्निवीरों को लिखित परीक्षा और शारीरिक मानक परीक्षा (Physical Standard Test) में भी छूट प्रदान की जाएगी।
2. ईज ऑफ डूइंग बिजनेस व जन विश्वास संशोधन विधेयक (निर्णय सं. 4)
क्या निर्णय हुआ: द्वितीय उत्तराखंड जन विश्वास (प्रावधानों में संशोधन) विधेयक, 2026 को विधानसभा में पेश करने की मंजूरी मिली।
उद्देश्य: व्यापार और दैनिक गतिविधियों को आसान बनाना। छोटे-मोटे तकनीकी या प्रक्रियात्मक अपराधों को आपराधिक श्रेणी से हटाकर नागरिक दंड (Penalty) में बदलना और पुराने/अनावश्यक कानूनों को समाप्त करना।
3. उत्तराखंड बाढ़ मैदान परिक्षेत्रण नियमावली, 2026 (निर्णय सं. 5)
क्या निर्णय हुआ: बाढ़ संभावित क्षेत्रों में भूमि के उपयोग और निर्माण गतिविधियों को नियंत्रित करने के लिए नियमावली को मंजूरी दी गई।
उद्देश्य: नदियों और बाढ़ के प्राकृतिक प्रवाह में बाधा न आए, जिससे जान-माल, इमारतों और बुनियादी ढांचे को बाढ़ के नुकसान से सुरक्षित रखा जा सके।
4. नए अग्निशमन एवं आपात सेवा विधेयक, 2026 को मंजूरी (निर्णय सं. 7)
क्या निर्णय हुआ: केंद्र सरकार के मॉडल फायर सर्विस बिल, 2019 की तर्ज पर राज्य का नया फायर सर्विस बिल विधानसभा में पेश किया जाएगा।
उद्देश्य: बढ़ते शहरीकरण, उद्योगों और आपदाओं की चुनौतियों से निपटने के लिए अग्निशमन सेवाओं को अत्याधुनिक और मजबूत बनाना।
5. मदन मोहन मालवीय प्राच्य शोध संस्थान, हरिद्वार का विकास (निर्णय सं. 2)
क्या निर्णय हुआ: ऋषिकुल (हरिद्वार) स्थित इस संस्थान के विकास व संचालन के लिए एक सोसायटी के गठन को सैद्धांतिक मंजूरी दी गई।
योजना: इसे योग, ध्यान, आयुर्वेद अध्ययन, ज्योतिष, ललित कला, हिंदू दर्शन और आध्यात्मिक पर्यटन के एक बड़े शोध केंद्र के रूप में विकसित किया जाएगा।
6. मुख्यमंत्री राज्य बाल वीरता पुरस्कार योजना (निर्णय सं. 13)
क्या निर्णय हुआ: संकट या विपरीत परिस्थितियों में असाधारण साहस, पराक्रम और मानवीय संवेदना दिखाने वाले राज्य के बच्चों को सम्मानित करने के लिए इस योजना की शुरुआत की गई।
7. संपत्ति मुद्रीकरण से प्राप्त आय का 92% हिस्सा संस्थाओं को (निर्णय सं. 3)
क्या निर्णय हुआ: उत्तराखंड निवेश और आधारिक संरचना अधिनियम, 2023 की अनुसूची में संशोधन किया गया।
प्रभाव: सरकारी निकायों, उपक्रमों और स्थानीय निकायों की संपत्तियों के विनिवेश या मुद्रीकरण (Monetization) से मिलने वाली रकम का 92 प्रतिशत हिस्सा सीधे उसी संबंधित संस्था को बुनियादी ढांचे के विकास के लिए मिलेगा।
अन्य निर्णय (संक्षेप में)
भारत सरकार का आभार (निर्णय सं. 1): राज्य के निरंतर विकास और सहयोग के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्र सरकार का धन्यवाद व्यक्त किया गया।
विधानसभा सत्र (निर्णय सं. 6): उत्तराखंड की पंचम विधानसभा के 2026 के तीसरे सत्र को आहूत करने की मंजूरी दी गई। तिथि व स्थान तय करने का अधिकार मुख्यमंत्री को दिया गया।
संस्कृति विभाग में अधिकार (निर्णय सं. 9): प्रशासनिक व्यवस्था दुरुस्त करने के लिए संस्कृति विभाग के प्रमुख के रूप में वित्तीय अधिकार महानिदेशक, संस्कृति निदेशालय को दिए गए।
स्वजल व जल-स्वच्छता मिशन के पद (निर्णय सं. 10): स्वजल (189 पद) और राज्य जल एवं स्वच्छता मिशन (26 पद) के कुल 215 पदों की निरंतरता को 1 मार्च, 2026 से 28 फरवरी, 2027 तक बढ़ाया गया।
हरिद्वार किफायती आवास मार्ग में छूट (निर्णय सं. 11): भगवानपुर (हरिद्वार) की किफायती आवास परियोजना के लिए जरूरी 9 मीटर चौड़े मार्ग के स्थान पर उपलब्ध 6 मीटर चौड़े मार्ग को स्वीकार करते हुए 3 मीटर की छूट दी गई।
ऊधमसिंह नगर त्रुटि सुधार (निर्णय सं. 12): बाजपुर के भौना इस्लामनगर में भू-उपयोग परिवर्तन संबंधी शासनादेश में खसरा संख्या की प्रिंटिंग त्रुटि (321/1अ के स्थान पर सही खसरा संख्या 321/2अ) को ठीक करने की मंजूरी दी गई।