नर्सिंग अभ्यर्थियों के आंदोलन पर बोले स्वास्थ्य मंत्री सुबोध उनियाल: ‘हिमाचल मॉडल और मांगों का किया जा रहा है परीक्षण’
नर्सिंग अभ्यर्थियों के आंदोलन पर बोले स्वास्थ्य मंत्री सुबोध उनियाल: ‘हिमाचल मॉडल और मांगों का किया जा रहा है परीक्षण’
देहरादून: उत्तराखंड में वर्षवार भर्ती की मांग को लेकर नर्सिंग अभ्यर्थियों का आंदोलन अब निर्णायक मोड़ पर पहुंच गया है। पिछले 160 दिनों से अपनी मांगों के समर्थन में धरना दे रहे अभ्यर्थियों ने अब विरोध का तीखा रास्ता अख्तियार कर लिया है। देहरादून के परेड ग्राउंड में पिछले तीन दिनों से कुछ अभ्यर्थी पानी की टंकी पर चढ़े हुए हैं, जिससे प्रशासन और सरकार के हाथ-पांव फूले हुए हैं।
इस बीच, प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री सुबोध उनियाल ने इस पूरे मामले पर सरकार का रुख स्पष्ट किया है।
सरकार कर रही है मांगों का परीक्षण
स्वास्थ्य मंत्री ने मीडिया से बातचीत में बताया कि आंदोलनकारी नर्सिंग अभ्यर्थियों का मांग पत्र सरकार को प्राप्त हो चुका है। उन्होंने कहा कि विभाग इन मांगों के हर पहलू का बारीकी से अध्ययन कर रहा है।
“अभ्यर्थियों की मांगों का ज्ञापन हमें मिला है, जिस पर गंभीरता से परीक्षण किया जा रहा है। अभ्यर्थियों ने अपनी मांगों के समर्थन में हिमाचल प्रदेश सरकार का शासनादेश भी सौंपा है। हमने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि हिमाचल के उस मॉडल का अध्ययन किया जाए और देखा जाए कि उत्तराखंड के परिप्रेक्ष्य में क्या संभावनाएं बनती हैं।”
— सुबोध उनियाल, स्वास्थ्य मंत्री
