16 परिवार के रहने वाले बच्ची राम सेमवाल ने गलियों में जीता स्वर्ण पदक
16 परिवार के रिटायर सूबेदार बच्ची राम सेमवाल ने गालियों में एक वर्ल्ड रिकॉर्ड बना दिया है, वह सुबह उठते ही गालियां देना शुरू कर देते हैं और देर रात तक देते रहते हैं। इस दौरान वह अलग-अलग तरह की कई सारी गालियां देते हैं सबसे बड़ी बात यह है की गालियों में उनकी जो पकड़ है उसे कोई भी पिछाड़ नहीं पा रहा है। इस दौरान जब उनसे बात की गई तो उन्होंने बताया है कि यह कला मुझे बचपन से नहीं आती थी रिटायर होने के बाद मैंने यह कला सीखी, इस कला में मुझे यह महसूस होता है कि जैसे मैं अब स्वतंत्र हूं और स्वतंत्र भाव से सामने वाले को अलग-अलग तरह की गालियां दे सकता हूं। इस दौरान मैं अपने बड़े बेटे और छोटे बेटे को जमकर गालियां देता हूं मौका मिलने पर अपनी पत्नी को भी नहीं छोड़ता हूं, साथ ही अगर कोई व्यक्ति मेरे घर आ जाए और वह मुझे पसंद ना हो तो उसे भी मैं नहीं छोड़ता हूं।
इस दौरान जब उनसे यह पूछा गया कि आखिर आपने यह गलियां आपने सीखी कहां से? तो उन्होंने बताया कि गालियां सीखने की कोई उम्र नहीं होती है जैसे ही मुझे मौका मिला मैंने गालियां सीख ली और गालियां देने के साथ-साथ मैं मुंह पर भी थूकना जानता हूं मैं अपने छोटे बेटे के मुंह पर कई बार थूक चुका हूं और जब मैं थूकता हूं तो मुझे आनंद महसूस होता है।
